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भारत निर्वाचन आयोग द्वारा जारी सोशल मीडिया रैंकिंग में राजस्थान ने झारखंड के साथ संयुक्त रूप से देश में पहला स्थान प्राप्त किया है। आयोग द्वारा देशभर में सोशल मीडिया (एक्स, इंस्टाग्राम, फेसबुक और यूट्यूब) पर मतदाता जागरुकता में बेहतर प्रदर्शन के आधार पर यह रैंकिंग जारी गयी है। मुख्य निर्वाचन अधिकारी प्रवीण गुप्ता ने इस उपलब्धि पर सभी को बधाई दी है।
गुप्ता ने बताया कि आयोग द्वारा अप्रैल माह में सोशल मीडिया के प्रदर्शन के आधार पर जारी रैंकिंग में राजस्थान और झारखंड ने संयुक्त रूप से पहला स्थान प्राप्त किया है। सीईओ राजस्थान के एक्स, इंस्टाग्राम, फेसबुक और यूट्यूब अकाउंट्स पर अप्रैल में माह में करीब 11 लाख इम्प्रेशन मिले हैं। सबसे अधिक 6.83 लाख इम्प्रेशन एक्स पर मिले हैं। इस दौरान ‘एक्स’ पर पोस्टिंग 240 फीसदी तक बढ़ायी गयी। इम्प्रेशन भी 188 फीसदी बढ़ गये। एक्स, इंस्टाग्राम, फेसबुक और यूट्यूब अकाउंट्स पर 66,700 से अधिक फॉलोवर थे और अप्रैल में इनकी संख्या 3,400 बढ़ गयी।
मोटिवेशनल स्लोगन के साथ रीजनल कंटेंट
लोकसभा आम चुनाव के लिए सोशल मीडिया के माध्यम से मतदाताओं को जागरूक करने के लिए विशेष कार्य योजना बनायी गयी। सीईओ राजस्थान के सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर रीजनल कंटेंट को मोटिवेशनल स्लोग्नस के साथ पोस्ट किया गया। मतदान प्रक्रिया सहित सभी अन्य आवश्यक जानकारी को मतदाताओं तक पहुंचाया गया। राज्य में मतदाताओं को मतदान के प्रति प्रोत्साहित करने के लिए विशेष ‘मीम’ सीरीज भी चलायी गयी। सोशल मीडिया पर पोस्ट के लिए विशेष एसओपी बना कर जिला स्तर तक भेजी गयी। साथ ही, भारत निर्वाचन आयोग द्वारा दिये हैशटैग के साथ पोस्ट किये गये। इसमें सी-विजिल, वीएचए, केवाईसी, सक्षम, सुविधा एप और मतदान के लिए निर्धारित वैकल्पिक दस्तावेज, मतदान दिवस एवं समय सहित अन्य जागरूकता गतिविधियों से जुड़ी पोस्ट्स की गयी।
क्रिएटिव डिजाइन सहित 2,500 पोस्ट
गुप्ता ने बताया कि भारत निर्वाचन आयोग के सोशल मीडिया हैंडल्स की 500 से अधिक पोस्ट को राजस्थान के हैंडल्स पर पुन: प्रभावी तरीके से रीपोस्ट किया गया। निर्वाचन विभाग के सोशल मीडिया के विभिन्न प्लेटफॉर्म्स पर अप्रैल माह में दोनों चरणों के मतदान के दौरान करीब 500 क्रिएटिव डिजाइन सहित लगभग 2,500 पोस्ट की गयींं। चुनाव प्रक्रिया के दौरान सीईओ राजस्थान के हैंडल पर पोस्ट किये गये कई क्रिएटिव डिजाइन, ग्राफिक और फोटोग्राफ्स को भारत निर्वाचन आयोग के हैंडल्स ने भी रिपोस्ट किया।
बेहतर प्रदर्शन वाले राज्य
1. राजस्थान, झारखंड (संयुक्त रूप से)
2. कर्नाटक
3. उत्तराखंड
4. उत्तर प्रदेश, पंजाब (संयुक्त रूप से)
5. मध्य प्रदेश
6. बिहार, केरल (संयुक्त रूप से)
7. आंध्र प्रदेश
8. गुजरात, ओडिशा (संयुक्त रूप से)
9. पश्चिम बंगाल, चंडीगढ़ (संयुक्त रूप से)
10. त्रिपुरा
डीआईपीआर के सहयोग से बनाये 500 से अधिक क्रिएटिव
राज्य के सूचना एवं जनसम्पर्क विभाग (डीआईपीआर) की सोशल मीडिया सेल ने आयोग के निर्देशों को आम मतदाता तक पहुंचाने के लिए करीब 500 क्रिएटिव, ग्राफिक, इन्फोग्राफिक, वीडियो, रील आदि तैयार किये। इसके अलावा मतदान दिवसों के दौरान आकर्षक, प्रेरणादायी और महत्त्वपूर्ण तस्वीरों को भी सोशल मीडिया के माध्यम से लोगों तक पहुंचाया।
नवाचारों की सफलता में सोशल मीडिया की अहम भूमिका
राज्य में दोनों चरणों के मतदान के दौरान राज्य और जिला स्तर पर विभिन्न नवाचार किये गये। इनकी सफलता में भी सोशल मीडिया की अहम भूमिका रही। साथ ही, मतदाता जागरूकता कार्यक्रमों में मतदाताओं की भागीदारी बढ़ाने में भी सोशल मीडिया की भी अहम भूमिका रही। राज्य निर्वाचन विभाग द्वारा सोशल मीडिया परफॉर्मेंस इंडेक्स के लिए भारत निर्वाचन आयोग को 11 नवाचारों की सूची भेजी गयी थी। इनमें हनुमानगढ़ का ‘एक पाती माता पिता के नाम’ और बारां का ‘म्हारो हेलो’ जिला स्तरीय नवाचार भी शामिल हैं।
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